मेरे सांवरे सलोने कन्हैया तेरा जलवा कहाँ पर नही है,

Mere Sanwre Salone Kanhaiya Tera Jalwa Kahan Par Nahin Hai

♡

मेरे सांवरे सलोने कन्हैया तेरा जलवा कहाँ पर नही है,
तेरा जलवा कहाँ पर नही है, तेरा जलवा कहाँ पर नही है,

◾️ कान वालो ने जाकर सुना है, आँख वालो ने जाकर के देखा।
उनकी आँखो मे परदा पड़ा है जिस ने जलवा ये देखा नही है॥

◾️ लोग पीते है पी पी के गिरते, हम पीते है गिरते नही है।
हम तो पीते है सत्संग का प्याला ये अँगुरो की मदिरा नही है॥

◾️ मन्दिर जाऊँ मैं सांझ सवेरे, अलख जगाऊ मैं नाम की तेरे।
दुनिया वालो से अब क्या डरना, हम को दुनिया की परवाह नही है॥

◾️ सुबह शाम है जिस ने पुकारा, तेरे नाम का लेकर सहारा।
सच्चे भाव से जिसने पुकारा, तेरे आने मे देर नही है॥

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *