December 29, 2017
मोहे आन मिलो श्याम बहुत दिन बीत गए

मोहे आन मिलो श्याम, बहुत दिन बीत गए। बहुत दिन बीत गए, बहुत युग बीत गए ॥
राह तकत के हारी अँखियां, फिर भी आस लगाए यह अँखियां। अब आई जीवन की श्याम, बहुत दिन बीत गए॥
राधा की अँखियन के तारे, मन हर मोहन नन्द दुलारे, मेरे मन में बस जाओ श्याम,