Tag: Prakash Mali

मैं थाने सिवरू गजानन देवा

मैं थाने सिवरू गजानन देवा, वचनों रा पालनहारा जी ओ।। श्लोक – सुंडाला दुःख भंजना, सदा जो वालक वेश, सारों पहले सुमरिये, गवरी नन्द गणेश। मैं थाने सिवरू गजानन देवा, वचनों रा पालनहारा जी ओ, सरस्वती मात शारदा ने सिवरू, हिरदे करो नी उजियाला जी ओ, निन्दरा निवारू भोलेनाथ ने, निन्दरा निवारू भोलेनाथ ने।। जननी

कौन है वो कौन है वो कहाँ से वो आया।

कौन है वो कौन है वो, कहाँ से वो आया, चारों दिशाओ में तेज़ सा वो छाया, उसकी भुजाएं बदले कथाएँ, भागीरथी तेरी तरफ शिव जी चले, देख जरा ये विचित्र माया।। ◾️जटा कटाह संभ्रम भ्रमन्निलिम्प निर्झरी, विलोलवीचि वल्लरी विराजमान मूर्धनि, धगद् धगद् धगज्ज्वलल् ललाट पट्ट पावके, किशोर चन्द्र शेखरे रतिः प्रतिक्षणं मम। कौन है

रखवाला प्रतिपाला मेरा लाल लंगोटे वाला कदम कदम पर रक्षा करता

रखवाला प्रतिपाला मेरा लाल लंगोटे वाला कदम कदम पर रक्षा करता कदम कदम पर रक्षा करता घर घर करे उजाला रखवाला प्रतिपाला मेरा लाल लंगोटे वाला।। ◾️निशदिन तेरा ध्यान लगाऊं जपूँ आपकी माला धुप दिप नित ज्योत जगाऊँ धुप दिप नित ज्योत जगाऊँ पड़े ना यम से पाला रखवाला प्रति-पाला मेरा लाल लंगोटे वाला।। ◾️मन

बजरंग बाला जय हो बजरंग बाला पाँव में घुंगरू बांध के नाचे जपे राम की माला

बजरंग बाला जय हो बजरंग बाला पाँव में घुंगरू बांध के नाचे जपे राम की माला बजरंग बाला जय हो बजरंग बाला।। ◾️ सिया राम ही राम पुकारे हनुमत जाए असुर सब मारे सीता की सुध लेने खातिर सीता की सुध लेने खातिर क्या से क्या कर डाला बजरंग बाला जय हो बजरंग बाला। पाँव