Category: Krishan Bhajan

थारी मुरली मनड़ो मोयो कान्हा और बजाओ थारी मुरली न।✓ Lyrics Verified 

टेर : थारी मुरली मनड़ो मोयो कान्हा और बजाओ थारी मुरली न। आ मुरली मीरा बाई ने मोही राणे न छोड़ मीरां थारे संग होई मेड़तियो छिटकायो कान्हा। आ मुरली राधा प्यारी ने मोही बृज में गोपी लीला होई मधुबन रास रचायो कान्हा। आ मुरली कर्मा बाई न मोही मंदिर में थारी बाटा जोही जीण

या विध गोविन्द भोग लगायो भगत बछल हरि नाम कहायो✓ Lyrics Verified 

शास्त्रों के अनुसार भगवान को आरती के बाद भोग लगाया जाता है। आज हम कृष्ण जी का बहुत ही सूंदर भोग लेके आये है। जो निसंदेह आपको गोविन्द जी के साथ भाव से जोड़ देगा और आपको मन में शांति और श्रद्धा का भाव पैदा करेगा तो आएंगे मेरे साथ इस कृष्णा के भोग को

सांवरे जब तूं मेरे साथ है सांवरे सर पे तेरा हाथ है✓ Lyrics Verified 

आ…. आ ये प्रार्थना दिल की, बेकार नहीं होगी -4 पूरा है भरोसा, मेरी हार नहीं होगी-2 सांवरे… जब तूं मेरे साथ है। सांवरे…सर पे तेरा हाथ है-2 ★ विश्वास नानी का, द्रोपदी का रंग लाया -4 बहना…आ का भाई बन, खुद सांवरा आया -2 इज़्ज़त ज़माने में, शर्मशार नहीं होगी -2 पूरा है भरोसा,

कान्हा रे कान्हा तुझे किस ने है जानाVerified Lyrics 

कान्हा रे कान्हा तुझे किस ने है जाना इक मीरा ने जाना तुझे राधा ने जाना कान्हा रे कान्हा तुझे किस ने है जाना तूने गैयाँ चराई तूने माखन चुराया तूने जिसका भी खाया उस का भेभव बडाया ये सुदामा ने देखा जमाने ने जाना कान्हा रे कान्हा तुझे किस ने है जाना तूने रास

मन तड़पत हरि दर्शन को आजVerified Lyrics 

मन तड़पत हरि दर्शन को आज मोरे तुम बिन बिगड़े सकल काज विनती करत हूँ रखियो लाज ॥ मन तड़पत हरि…॥ तुम्हरे द्वार का मैं हूँ जोगी हमरी ओर नज़र कब होगी सुन मोरे व्याकुल मन का बात ॥ मन तड़पत हरि…॥ बिन गुरू ज्ञान कहाँ से पाऊँ दीजो दान हरी गुन गाऊँ सब गुनी

राधिका गौरी से बृज की छोरी से

कृष्ण – राधिका गौरी से बृज की छोरी से मैया कराय दे मेरो ब्याह यशोदा – उम्र तेरी छोटी है नजर तेरी खोटी है कैसे करा दूँ तेरा ब्याह – राधिका गौरी से कृष्ण – जो नहीं ब्याह करावे, तेरी गैया न चारो आज के बाद मोरी मैया, तेरी देहली पर ना आऊँ आयेगा रे

तेरी यमुना दा मीठा मीठा पानी

तेरी यमुना दा मीठा मीठा पानी मटकियाँ भर लेन दे – तेरी यमुना मैं तो जब यमुना तट पर आई आगे मिल गए कृष्ण कन्हाई मेरी, एक बात ना मानी – मटकियाँ भर लेन दे… अर्ज करी दोनों कर जोरि फिर भी उसने बांह मरोरि फिर खूब हुई खैंचताणि – मटकियाँ भर… करके बहाना पानी

सरवरीये री पाल खड़ी या, नानी नीर बहावे है,Verified lyrics 

सरवरीये री पाल खड़ी या, नानी नीर बहावे है, माँ के जाये बीर बिना कुण-2, भात भरण ने आवे है।। 1. एक दिन म्हारो भोळो बाबुल, अरबपति कहलायो थो, अन धन रा भण्डार घणेरा ओर छोर नहीं पायो थो। ऊँचा ऊँचा महल मालिया, नगर सेठ कहलायो थो, अणगिणती का नोकर चाकर, याद म्हने सब आवे

आज बृज में होरी रे रसिया। होरी रे रसिया, बरजोरी रे रसिया॥

आज बृज में होरी रे रसिया। होरी रे रसिया, बरजोरी रे रसिया॥ अपने अपने महलों से निकली, कोई श्यामल कोई गोरी रे रसिया। कौन गाँव के कुंवर कन्हैया, कौन गाँव राधा गोरी रे रसिया। नन्द गाँव के कुंवर कन्हैया, बरसाने की राधा गोरी रे रसिया। कौन वरण के कुंवर कन्हैया, कौन वरण राधा गोरी रे

मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना

मुझे रास आ गया है, तेरे दर पे सर झुकाना तुझे मिल गया पुजारी, मुझे मिल गया ठिकाना मुझे इसका गम नहीं है, बदलेगा यूँ जमाना मेरी जिंदगी के मालिक, कहीं तुन बदल न जाना मुझे रास आ गया… तेरी बंदगी से पहले, मुझे कोण जनता था तेरी याद ने बना दी, मेरी जिंदगी फ़साना