Category: Khatu Shyam Bhajan

जब से थामा है तूने सावरिया

जब से थामा है तूने सावरिया मेरा हाथ …2 खुद ही बन जाती मेरी …2 बिगड़ी हर बात ………… जब से थामा है तूने सावरिया मेरा हाथ …2 ◾️ हर गया था मैं तो मनमोहन पतझड़ सा बन गया था ये जीवन नज़र उठा के जब तूने देखा बदल गयी इस किस्मत की रेखा …2

मेरी जिंदगी में क्या था

मेरी जिंदगी में क्या था तेरी दया से पहले मैं बुझा हुआ दिया था तेरी दया से पहले……2 मेरी जिंदगी में क्या था…… ◾️ मेरी जिंदगी थी खाली जैसे शीप खाली होती मेरी बढ़ गयी है कीमत तूने भर दिए है मोती……2 मेरी कुछ नहीं थी कीमत…2 तेरी दया से पहले मैं बुझा हुआ दिया

कीर्तन की है रात बाबा आज थाने आनो है

कीर्तन की है रात बाबा आज थाने आनो है कीर्तन की है रात बाबा आज थाने आनो है थाने कोल निभानो है कीर्तन की है रात बाबा आज थाने आनो है कीर्तन की है रात बाबा ◾️ आज थाने आनो है दरबार सावरिया ऐसो साजो प्यारो दयालु आपको सेवा में सावरिया सगळा खड़ा दिखे हुकम

कण कण में वास है जिसका

कण कण में वास है जिसका तिहु लोक में राज है उसका ….2 हारे का साथ निभाए प्रेमी को गले लगाए ………2 ऐसा तो हमारा बाबा है बाबा तो हमारा है …..2 कण कण में वास है जिसका तिहु लोक में राज है उसका ….2 हारे का साथ निभाए प्रेमी को गले लगाए ………2 ऐसा

माना मुश्किल बहुत बड़ी पर डरने की क्या बात है

माना मुश्किल बहुत बड़ी पर डरने की क्या बात है ….2 ◾️ लेके हाथ में मोर छड़ी जब बाबा अपने साथ है …..2 माना मुश्किल बहुत बड़ी पर डरने की क्या बात है ….2 लेके हाथ में मोर छड़ी जब बाबा अपने साथ है …..2 ◾️ माना रात अँधेरी है लेकिन ये भी काट जाएगी

जगत के रंग क्या देखूं तेरा दीदार काफी है

जगत के रंग क्या देखूं तेरा दीदार काफी है। क्यों भटकूँ गैरों के दर पे तेरा दरबार काफी है॥ ◾️ नहीं चाहिए ये दुनियां के निराले रंग ढंग मुझको, निराले रंग ढंग मुझको चली जाऊँ मैं वृंदावन चली जाऊँ मैं वृंदावन तेरा श्रृंगार काफी है जगत के रंग क्या देखूं तेरा दीदार काफी है ◾️

मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है

मेरा आपकी दया से सब काम हो रहा है। करते हो तुम कन्हिया मेरा नाम हो रहा है॥ ◾️ पतवार के बिना ही मेरी नाव चल रही है। हैरान है ज़माना मंजिल भी मिल रही है। करता नहीं मैं कुछ भी, सब काम हो रहा है॥ ◾️ तुम साथ हो जो मेरे, किस चीज की

जो तुमको भूल जाए वो दिल कहां से लाऊं

जो तुमको भूल जाए, वो दिल कहां से लाऊं दिल है तो दिल में क्या है, कैसे तुम्हे बताऊँ ◾️ मेरे दिल का राज़ गम है, तू है बेनेयाज़ गम से तुझे अपने दर्दे दिल की क्या दासता सुनाऊं ◾️ नहीं अब रहा भरोसा मदहोश जिंदगी का तेरी याद के नशे में कहीं राह में

जब बिन मांगे मिलता तो बोल के क्या मांगू

जब बिन मांगे मिलता तो बोल के क्या मांगू धन दौलत क्या मांगे मुस्कान है दी तुमने हमे श्याम प्रेमियों की पहचान है दी तुमने जब बिन मांगे मिलता तो बोल के क्या मांगू ◾️ धन दौलत क्या मांगे मुस्कान है दी तुमने हमे श्याम प्रेमियों की पहचान है दी तुमने किस्मत को बनाते हो

श्याम सलोने का प्यारा श्रृंगार है

दिलवाला रंगरसिया मनबसिया बड़ा प्यारा दिलवाला मतवाला सारे जग का उज्जियारा श्याम सलोने का प्यारा श्रृंगार है, कितना सुन्दर सांवलिया सरकार है। सजा दरबार है की छायी बहार है। ◾️ मोर छड़ी हाथों में विराजे मोर मुकुट सिर पे है साजे। मोर मुकुट सिर पे है साजे-2, कान में कुण्डल गल वैजन्ती हार है॥ कितना